एएनटीएफ ने पकड़ी 2.60 करोड़ की हेरोइन, तस्कर गिरफ्तार
बरेली/मीरगंज। बरेली से उत्तराखंड तक फैले नशे के अवैध नेटवर्क पर एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (एएनटीएफ) और स्थानीय पुलिस ने संयुक्त रूप से एक बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक की है। मुखबिर की सटीक सूचना पर कार्रवाई करते हुए टीम ने मीरगंज क्षेत्र में फरीदपुर के एक शातिर तस्कर को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए तस्कर के कब्जे से 1 किलो 300 ग्राम मादक पदार्थ (हेरोइन) बरामद की गई है, जिसकी बाजार में अनुमानित कीमत 2.60 करोड़ रुपये आंकी जा रही है। आरोपी यह खेप देहरादून पहुंचाने जा रहा था, लेकिन डिलीवरी से पहले ही एएनटीएफ के जाल में फंस गया।
एएनटीएफ बरेली यूनिट को सूचना मिली थी कि मादक पदार्थों की एक बड़ी खेप उत्तराखंड भेजी जा रही है। इस इनपुट पर त्वरित कार्रवाई करते हुए टीम ने मीरगंज थाना क्षेत्र में निगरानी और चेकिंग अभियान तेज कर दिया। इसी दौरान परौरा कट पर रेबिल हॉस्पिटल के सामने एक संदिग्ध व्यक्ति को घेराबंदी कर दबोच लिया गया। पूछताछ में उसने अपना नाम जब्बार खां पुत्र छिद्दन खां (निवासी मोहनपुर, थाना फरीदपुर) बताया। मौके पर उसकी तलाशी लेने पर 1.300 किलोग्राम हेरोइन, एक मोबाइल फोन और 1,200 रुपये की नकदी बरामद हुई।
एएनटीएफ की कड़ी पूछताछ में नशे के इस अवैध कारोबार को लेकर कई अहम खुलासे हुए हैं। आरोपी जब्बार ने बताया कि वह अपने भाई के साथ मिलकर मादक पदार्थों की सप्लाई के धंधे से जुड़ा हुआ है। उनका काम कम कीमत पर हेरोइन खरीदकर उसे देहरादून (उत्तराखंड) और आसपास की पार्टियों तक ऊंचे दामों पर पहुंचाना था। शुक्रवार को भी जब्बार इसी 2.60 करोड़ की खेप की डिलीवरी देने के लिए निकला था।
इस बड़ी रिकवरी के बाद पुलिस और एएनटीएफ अब इस पूरे नेटवर्क के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज खंगालने में जुट गई है। आरोपी के फरार भाई और देहरादून में इस बड़ी खेप को रिसीव करने वाली पार्टियों की पहचान कर उनकी तलाश के लिए दबिश दी जा रही है।
