बरेली:सिल्वर जुबली पर यादों के सागर में डूबे बरेली कॉलेज के मासकॉम छात्र, 25 साल बाद हुआ खास मिलन
बरेली। बरेली कॉलेज के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग में सोमवार का दिन बेहद भावनात्मक और यादगार रहा। मौका था विभाग के पहले बैच (2001) के छात्रों के रजत जयंती (सिल्वर जुबली) रीयूनियन का। दो दशक से अधिक का समय बीत जाने के बाद जब ये पुराने दोस्त अपने पुराने प्रांगण में लौटे, तो कैंपस फिर से पुरानी किलकारियों और यादों से गूंज उठा।
समारोह के दौरान पूर्व छात्रों ने विभाग की प्रोफेसर वंदना शर्मा और विभागाध्यक्ष डॉ. रमेश त्रिपाठी के साथ अपने पुराने क्लासरूम का दौरा किया। उन्होंने छात्र जीवन के उन दिनों को याद किया जब वे इसी विभाग की बेंच पर बैठकर पत्रकारिता के हुनर सीखा करते थे।
छात्रों और दिग्गजों का संवाद
मीडिया और अन्य प्रतिष्ठित क्षेत्रों में अपनी एक अलग पहचान बना चुके इन पूर्व छात्रों ने वर्तमान विद्यार्थियों के साथ अपने अनुभव साझा किए।

उन्होंने आज के दौर में बदलती पत्रकारिता, डिजिटल मीडिया की चुनौतियों और रोजगार के नए अवसरों पर खुलकर चर्चा की और छात्रों के सवालों के जवाब दिए।
भव्य सम्मान और उपस्थिति

कार्यक्रम के दौरान कॉलेज प्रशासन की ओर से प्रथम बैच के सभी विद्यार्थियों को अंगवस्त्र भेंटकर सम्मानित किया गया। इस ऐतिहासिक मिलन समारोह में देश-प्रदेश के विभिन्न कोनों से पहुंचे कई जाने-माने चेहरे शामिल हुए।
इस विशेष रीयूनियन में दुर्विजय सिंह शाक्य, रोहित बिष्ट, पंकज शर्मा, अक्षय शर्मा, मोहित जौहरी, विभाकर उपाध्याय, मुहज्ज्म अली जैदी, मुस्तफीज खान, रामरतन, सुमित, विकल गंगवार, डॉ. पंकज गंगवार, प्रभात गुप्ता, बबिता जोशी और पारुल चंद्रा समेत तमाम पूर्व छात्र उपस्थित रहे। 25 साल बाद पुराने दोस्तों का यह संगम हर किसी के चेहरे पर मुस्कान और आंखों में खुशी के आंसू छोड़ गया।
