प्यार के लिए टूटी मजहब की दीवार, मैजवीन बनीं लक्ष्मी, वैदिक रीति से रचाई शादी
बरेली।जिले में प्रेम प्रसंग का एक अनोखा मामला सामने आया है, जहां प्यार के आगे मजहब की दीवारें भी टूट गईं। शीशगढ़ क्षेत्र की रहने वाली 22 वर्षीय मैजवीन ने स्वेच्छा से सनातन धर्म अपनाकर अपना नाम लक्ष्मी रख लिया और अपने प्रेमी विशाल के साथ वैदिक रीति-रिवाज से विवाह कर लिया।
बताया जा रहा है कि विशाल और मैजवीन की मुलाकात स्कूल के दिनों में हुई थी। समय के साथ दोनों के बीच प्रेम संबंध स्थापित हो गए। अलग-अलग धर्मों से होने के कारण दोनों के परिवार इस रिश्ते के पक्ष में नहीं थे। परिवार की असहमति के बावजूद दोनों ने साथ जीवन बिताने का निर्णय लिया।
लक्ष्मी ने बताया कि उन्होंने बिना किसी दबाव के अपनी इच्छा से सनातन धर्म स्वीकार किया है। इसके बाद बरेली स्थित अगस्त्य मुनि आश्रम में वैदिक मंत्रोच्चार और हिंदू रीति-रिवाजों के अनुसार विशाल के साथ सात फेरे लेकर विवाह संपन्न किया गया।
लक्ष्मी का कहना है कि उन्हें हिंदू धर्म की परंपराएं, रीति-रिवाज और जीवन जीने की स्वतंत्रता आकर्षित करती है, जिसके चलते उन्होंने यह निर्णय लिया। वहीं, विवाह के बाद दोनों ने साथ रहने और अपने वैवाहिक जीवन को सुखद बनाने की इच्छा जताई है।
यह विवाह क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। हालांकि, इस मामले में दोनों ने अपने निर्णय को पूरी तरह स्वैच्छिक बताते हुए किसी प्रकार के दबाव या प्रलोभन से इनकार किया है।
