रास्ते पर गरमाई सियासत, पूर्व राज्य मंत्री हेमराज वर्मा ने खोला मोर्चा,डीएम से बोले, तत्काल हटे कब्जा
पीलीभीत। गाटा संख्या 346 और 348 के रास्ते को लेकर अब मामला सियासी रंग लेता दिखाई दे रहा है। समाजवादी पार्टी में वापसी कर चुके पूर्व राज्यमंत्री हेमराज वर्मा ने स्थानीय निवासियों के साथ जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर रास्ता खुलवाने और कथित अतिक्रमण हटवाने की मांग उठाई है।
ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि गांव बरहा स्थित गाटा संख्या 346-348 में राजस्व अभिलेखों में दर्ज पुराने रास्ते को दीवार खड़ी कर बंद कर दिया गया है। स्थानीय लोगों के अनुसार यह रास्ता लंबे समय से आवागमन में इस्तेमाल होता रहा है और आसपास के लोगों के घरों तक पहुंचने का प्रमुख मार्ग है।
हेमराज वर्मा ने ज्ञापन में एक भाजपा नेता पर आरोप लगाते हुए कहा कि संबंधित व्यक्ति ने प्रभाव का इस्तेमाल करते हुए सार्वजनिक रास्ते को बाधित किया तथा रास्ते से जुड़े सरकारी उपयोग की जमीन पर भी कब्जे की स्थिति पैदा की। ज्ञापन में प्रशासन से पूरे मामले की जांच कराकर रास्ते को तत्काल बहाल कराने तथा कथित अतिक्रमण हटाने की मांग की गई है।
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि संबंधित गाटा से पानी की पाइपलाइन और 33 केवी विद्युत लाइन गुजर रही है। ग्रामीणों का दावा है कि रास्ते का इस्तेमाल करीब छह दशक से किया जा रहा है। ऐसे में रास्ता बंद होने से स्थानीय लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
पूर्व राज्यमंत्री ने जिलाधिकारी से मामले की राजस्व अभिलेखों के आधार पर जांच कराकर गाटा 346-348 के रास्ते को खुलवाने और कथित कब्जे को हटाने की कार्रवाई की मांग की है।
बता दें कि हेमराज वर्मा पहले सपा में रहे, 2023 में भाजपा में शामिल हुए और अगस्त 2026 में दोबारा सपा में लौटे हैं।
