साइबर फ्रॉड के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, फर्जी पते पर बैंक खाते खुलवाने वाले दो गिरफ्तार
बरेली। साइबर अपराधों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में बरेली साइबर क्राइम थाना पुलिस ने दिल्ली निवासी दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी फर्जी पते पर बैंक खाते खुलवाकर उनकी बैंकिंग किट और सिम कार्ड साइबर अपराध में शामिल लोगों को उपलब्ध कराते थे। आरोपियों के कब्जे से 4 मोबाइल फोन, 4 सिम कार्ड, 27 बैंक पासबुक/चेकबुक, 12 एटीएम कार्ड और आधार-पैन कार्ड की संदिग्ध प्रतियां बरामद हुई हैं।
पुलिस के अनुसार, 1 अक्टूबर को मुखबिर की सूचना पर जंक्शन चौकी के पास सार्वजनिक शौचालय के नजदीक दो संदिग्धों को पकड़ा गया। पूछताछ में उनकी पहचान 20 वर्षीय विशाल पुत्र बाबूलाल और 20 वर्षीय सचिन गुप्ता पुत्र पप्पू गुप्ता, दोनों निवासी दिल्ली के रूप में हुई।
फर्जी पते पर खुलवाते थे बैंक खाते
प्रारंभिक जांच में पुलिस को पता चला कि आरोपी अपने आधार कार्ड में दिल्ली का पता बदलकर इज्जतनगर की सैनिक कॉलोनी का पता दर्ज कराते थे और इसी आधार पर अलग-अलग बैंकों में खाते खुलवाते थे। इसके बाद पासबुक, चेकबुक, एटीएम कार्ड और सिम कार्ड साइबर अपराध में संलिप्त लोगों को उपलब्ध कराए जाते थे।
पुलिस के मुताबिक पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्हें बैंक खाते और सिम उपलब्ध कराने के बदले रकम देने का लालच दिया गया था। डिजिटल साक्ष्यों में बरेली निवासी शोएब, अमल सैनी और फुजैर से संपर्क की बात सामने आई है। जांच में एक खाते से राजस्थान के हनुमानगढ़ में दर्ज साइबर शिकायत का भी पता चला है।
पुलिस ने आशंका जताई है कि इन बैंक खातों का इस्तेमाल ऑनलाइन गेमिंग और इन्वेस्टमेंट के नाम पर साइबर फ्रॉड से प्राप्त रकम के लेनदेन में किया गया हो सकता है। मामले में अन्य संदिग्धों की भूमिका की जांच जारी है।
पुलिस के मुताबिक मामले में शोएब, अमल सैनी और फुजैर वांछित हैं। शोएब और अमल सैनी किसी अन्य मामले में पहले से जेल में बंद बताए गए हैं। पुलिस शोएब को कस्टडी रिमांड पर लेकर फर्जी पते पर खोले गए खातों, पासबुक, चेकबुक, एटीएम और सिम कार्ड की बरामदगी की कार्रवाई करेगी।
